BusinessTechnology

IT Jobs: भारत भर में 400% बढ़ी IT प्रोफेशनल के लिए जॉब्स वैकेंसी, बेंग्लुरु में है सबसे ज्यादा डिमांड

IT Jobs: भारत भर में 400% बढ़ी IT प्रोफेशनल के लिए जॉब्स वैकेंसी, बेंग्लुरु में है सबसे ज्यादा डिमांड
IT Jobs: भारत भर में 400% बढ़ी IT प्रोफेशनल के लिए जॉब्स वैकेंसी, बेंग्लुरु में है सबसे ज्यादा डिमांड
54views

IT Jobs: एक रिपोर्ट के अनुसार, भारत में IT प्रोफेशनल के लिए जॉब वैकेंसी में लगभग 400% का इजाफा हुआ है. बेंगलुरु में सबसे ज्यादा डिमांड देखी गई है.

भारत भर में कंपनियों के लिए टेक्नोलॉजी ट्रांसफॉरमेंशन एक प्रमुख प्राथमिकता बन गई है, इसलिए हायरिंग डेटा से पता चलता है कि IT प्रोफेशनल्स के लिए नौकरी के अवसर लगभग 400% बढ़ गए हैं. एक रिपोर्ट के अनुसार, मुख्य रूप से BFSI इंडस्ट्री द्वारा दबाव के कारण आला और सुपर आला स्किल के साथ टैलेंट की डिमांड में तेजी देखी जा रही है.

टेक्निकल स्किल के साथ टैलेंट की डिमांड पिछली तिमाही में बढ़ी

बिजनेस सॉल्यूशंस प्रोवाइडर क्वेस के आंकड़ों के मुताबिक, क्लाउड इंफ्रास्ट्रक्चर टेक डेवलपर, फुल स्टैक डेवलपर, रिएक्ट जेएस डेवलपर, एंड्रॉइड डेवलपर और एंगुलर जेएस डेवलपर सहित अन्य टेक्निकल स्किल के साथ टैलेंट की मांग में पिछली तिमाही से वृद्धि देखी गई है.

लिस्टेड टॉप स्किल के अलावा, गेमिंग (यूनिटी डेवलपर्स), देवओप्स (बैंबू, जीरा) और प्लेटफॉर्म्स (सेल्सफोर्स, SAP HANA) ने भी स्किल की डिमांड में तेजी देखी है.

हायरिंग एक्टिविटी में IT हब बैंगलोर, हैदराबाद टॉप पर हैं

भारत भर में हायरिंग एक्टिविटी में मुख्य रूप से IT हब बैंगलोर, हैदराबाद और पुणे का वर्चस्व रहा है, इसके बाद चेन्नई, मुंबई, एनसीआर और अन्य प्रमुख शहर आते हैं.

बेंगलुरु में सबसे ज्यादा डिमांड (40%) देखी गई, इसके बाद हैदराबाद (18%) और पुणे (18%) का स्थान है. स्किल वाइज ब्रेक-अप ने दिखाया कि बेंगलुरु ने क्लाउड टेक डेवलपर्स (41%), रिएक्ट जेएस डेवलपर्स (44%) और एंड्रॉइड डेवलपर्स (81%) की हाई डिमांड को इंडिकेट किया है.

फुल स्टैक डेवलपर्स के लिए, बैंगलोर (42%) और हैदराबाद (37%) जबकि एंगुलर जेएस डेवलपर्स की मांग हैदराबाद (25%), बेंगलुरु (21%), गुरुग्राम (21%), चेन्नई (16%) और पुणे (13%) में लगभग समान डिमांड देखी गई.

डेटा कंपनी के एप्लिकेशन ट्रैकिंग सिस्टम एल्गोरिथम से लिया गया

रिपोर्ट के लिए डेटा कंपनी के एप्लिकेशन ट्रैकिंग सिस्टम में निर्मित एल्गोरिथम से लिया गया है, जो मार्च-अगस्त 2021 की तुलना में अक्टूबर-मार्च 2020-2021 की समयावधि में उम्मीदवारों को मैप और मैच करता है.